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गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल से संबंधित जानकारियां पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ करने में ये लेख हो सकता है मददगार
हà¥à¤¯à¥‚मन कोरियोनिक गोनाडà¥à¤°à¥‰à¤ªà¤¿à¤¨ (Human chorionic gonadotropin) या à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ à¤à¤• हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨ है जो पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी के दौरान पà¥à¤²à¥‡à¤¸à¥‡à¤‚टा की कोशिकाओं के दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ निरà¥à¤®à¤¿à¤¤ किया जाता है। खासतौर पर शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤à¥€ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल (hCG Levels During Pregnancy) में खासी बढ़ोतरी होती है। यह वहीं हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨ है जो होम पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी किट में डिटेकà¥à¤Ÿ होता है। यह हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨ गरà¥à¤à¤¾à¤§à¤¾à¤¨ conception के 11 दिन के बाद बà¥à¤²à¤¡ में पाया जाने लगता है। जब डॉकà¥à¤Ÿà¤° महिला की पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी को कंफरà¥à¤® करना चाहते हैं तो वे à¤à¤• या जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ बà¥à¤²à¤¡ टेसà¥à¤Ÿ रिकमंड कर सकते हैं। इस टेसà¥à¤Ÿ में बà¥à¤²à¤¡ में à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ के लेवल के बारे में पता किया जाता है। इस आरà¥à¤Ÿà¤¿à¤•ल में गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल की जानकारी दी जा रही है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल (hCG Levels During Pregnancy)
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल बॉडी को कई तरह से पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ करता है। यह इमà¥à¤¯à¥‚न सिसà¥à¤Ÿà¤® को वीक कर देता है जिससे आप इंफेकà¥à¤¶à¤¨ जैसे कि कोलà¥à¤¡ आदि के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ संवेदनशील हो जाते हैं। यही हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨ पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी के लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ जैसे कि मॉरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग सिकनेस के लिठजिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤° होता है। होम पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी टेसà¥à¤Ÿ में à¤à¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल डिटेकà¥à¤Ÿ हो जाता है, लेकिन यूरिन टेसà¥à¤Ÿ के जरिठइसके बारे में पता लगाते हैं। à¤à¤¸à¥‡ में गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला को à¤à¤¸à¤¾ लग सकता है कि गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल (hCG Levels During Pregnancy) नॉरà¥à¤®à¤² या नहीं।
अगर वे इसे किसी दूसरी महिला से कंपेयर करती हैं तो बता दें कि हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨à¥à¤¸ का लेवल परà¥à¤¸à¤¨ टू परà¥à¤¸à¤¨ और पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी दर पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी अलग हो सकता है। इंपà¥à¤²à¤¾à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨ के टाइम से à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ के लेवल में हर 2 दिन में 60% की वृदà¥à¤§à¤¿ होती है। लासà¥à¤Ÿ पीरियड के बाद 7 से 12 हफà¥à¤¤à¥‡ के बीच वृदà¥à¤§à¤¿ कहीं अधिक होती है और फिर ये घटने लगती है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल (hCG Levels During Pregnancy) के बारे में पà¥à¤°à¤¿à¤¡à¤¿à¤•à¥à¤Ÿ करना नहीं है संà¤à¤µ
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल में वृदà¥à¤§à¤¿ का अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ लगाना संà¤à¤µ नहीं है। विशेषजà¥à¤žà¥‹à¤‚ ने महिला के पीरियड का पहला दिन मिस करने के बाद à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ के लेवल में à¤à¤¾à¤°à¥€ बदलाव पाया है। कà¥à¤› महिलाओं में लगà¤à¤— कोई मापने योगà¥à¤¯ à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ नहीं होता है, जबकि अनà¥à¤¯ में 400 मिली-अंतरà¥à¤°à¤¾à¤·à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ इकाइयों पà¥à¤°à¤¤à¤¿ मिलीलीटर (à¤à¤®à¤†à¤ˆà¤¯à¥‚ / à¤à¤®à¤à¤²) से अधिक की रीडिंग होती है और जà¥à¤¡à¤¼à¤µà¤¾à¤‚ बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ में à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ का सà¥à¤¤à¤° à¤à¤• अकेले बचà¥à¤šà¥‡ की तà¥à¤²à¤¨à¤¾ में बहà¥à¤¤ अधिक होता है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल (hCG Levels During Pregnancy) : सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल में वेरिà¤à¤¶à¤¨ दिखाई देते हैं। अमेरिकन पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी à¤à¤¸à¥‹à¤¸à¤¿à¤à¤¶à¤¨ ने गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल (hCG Levels During Pregnancy) की जो रेंज बताई है उसके बारे में हम आपको जानकारी दे रहे हैं। यह महिला के लासà¥à¤Ÿ पीरियड के बाद सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ दर सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ दिखाई देती है।
3 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 6 – 70 आईयू / à¤à¤²
4 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 10 – 750 आईयू /ली
5 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 200 – 7,100 आईयू / à¤à¤²
6 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 160 – 32,000 आईयू/लीटर
7 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 3,700 – 160,000 आईयू/ली
8 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 32,000 – 150,000 आईयू /ली
9 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 64,000 – 150,000 आईयू /ली
10 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 47,000 – 190,000 आईयू/ली
12 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 28,000 – 210,000 आईयू/ली
14 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 14,000 – 63,000 आईयू/ली
15 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 12,000 – 71,000 आईयू/ली
16 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹: 9,000 – 56,000 आईयू /ली
16 – 29 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ (दूसरी तिमाही): 1,400 – 53,000 आईयूà¤à¤²
29 – 41 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ (तीसरी तिमाही): 940 – 60,000 आईयू /ली
धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रखें ये रेंज लासà¥à¤Ÿ पीरियड डेट के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° अलग हो सकती है। इसलिठइनको लेकर बहà¥à¤¤ परेशान ना हो। इस बारे में अधिक जानकारी के लिठडॉकà¥à¤Ÿà¤° से सलाह जरूर लें।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल के कम होने का कà¥à¤¯à¤¾ कारण है? (What causes low hCG levels?)
आपको बता दें कि यह धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रखना बेहद जरूरी है कि गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल (hCG Levels During Pregnancy) हर महिला के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° अलग हो सकता है। वासà¥à¤¤à¤µà¤¿à¤• संखà¥à¤¯à¤¾ से अधिक महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ और पà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤‚गिक यह है कि आपका à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ सà¥à¤¤à¤° इस वà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤• सामानà¥à¤¯ सीमा के à¤à¥€à¤¤à¤° आता है और आने वाले हफà¥à¤¤à¥‹à¤‚ में तब तक बढ़ता रहता है जब तक कि कà¥à¤› महीनों के बाद यह कम होना शà¥à¤°à¥‚ नहीं करता। इसलिठकिसी à¤à¤• नंबर पर बहà¥à¤¤ अधिक धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ केंदà¥à¤°à¤¿à¤¤ करने के बजाय बढ़ते सà¥à¤¤à¤°à¥‹à¤‚ के पैटरà¥à¤¨ की तलाश करना सही होता है। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल के कम होने के निमà¥à¤¨ कारण हो सकते हैं।
à¤à¤•à¥à¤Ÿà¥‹à¤ªà¤¿à¤• पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी (Ectopic pregnancy)
à¤à¤•à¥à¤Ÿà¥‹à¤ªà¤¿à¤• पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी तब होती है जब फरà¥à¤Ÿà¤¿à¤²à¤¾à¤‡à¤œà¥à¤¡ à¤à¤— यूटरस के बाहर कहीं इंपà¥à¤²à¤¾à¤‚ट हो जाते हैं। जैसे कि फैलोपियन टà¥à¤¯à¥‚ब (Fallopian tube) या सरà¥à¤µà¤¿à¤•à¥à¤¸ (Cervix)। जब à¤à¤¸à¤¾ होता है तो à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ कम मातà¥à¤°à¤¾ में पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¥à¤¯à¥‚स होता है और à¤à¥à¤°à¥‚ण सामानà¥à¤¯ तरीके से डेवलप नहीं हो पाता। हालांकि केवल à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल से à¤à¤•à¥à¤Ÿà¥‹à¤ªà¤¿à¤• पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी के बारे में पता नहीं लगाया जा सकता।
मिसकैरिज (Miscarriage)
à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ का कम होना या à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल का लगातार कम होना मिसकैरिज का à¤à¥€ साइन हो सकता है जो या तो हो चà¥à¤•ा है या जिसके होने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ है, लेकिन इसके साथ इस बात का à¤à¥€ धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रखें कि सिरà¥à¤« à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ का कम होता लेवल पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी लॉस का संकेत नहीं हो सकता।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवलà¥à¤¸ के कम होने पर कà¥à¤¯à¤¾ इसे बढ़ाया जा सकता है? (Can it be increased if the HCG level is low during pregnancy?)
नहीं à¤à¤¸à¤¾ कोई तरीका नहीं है इसकी मदद से à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल को बढ़ाया जा सके। इसके अलावा, à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ के सà¥à¤¤à¤° आपकी गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के बारे में जानकारी दरà¥à¤¶à¤¾à¤¤à¥‡ हैं, लेकिन उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ बदलने से किसी à¤à¥€ संà¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ समसà¥à¤¯à¤¾ के कारण का समाधान नहीं होगा। à¤à¤• सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान, सà¥à¤µà¤¾à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤• रूप से गिरावट शà¥à¤°à¥‚ होने से पहले लगà¤à¤— 12वें सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ तक à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ का सà¥à¤¤à¤° अपने आप बढ़ता रहेगा। आपको इसको अधिक बढ़ाने के लिठचिंता नहीं करनी चाहिà¤à¥¤
लो à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल के साथ पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी संà¤à¤‚व है? (Can you still be pregnant with low hCG levels?)
हर महिला का à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल अलग होता है। इसलिठनंबरों में कमी का यह मतलब नहीं है कि पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी हेलà¥à¤¦à¥€ नहीं हो सकती। जरूरी बात यह है कि आपका लेवल लगातार बढ़ रहा है। à¤à¤•à¥à¤¸à¤ªà¥‡à¤•à¥à¤Ÿà¥‡à¤¡ से कम à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ का मतलब हमेशा किसी पà¥à¤°à¥‰à¤¬à¥à¤²à¤® का संकेत नहीं होता है। हालांकि इसके नंबरों अगर लगातार कमी आ रही है तो आपको डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह जरूर लेनी चाहिà¤à¥¤
कà¥à¤¯à¤¾ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल हाय होना बà¥à¤°à¤¾ होता है? (Is a High hCG Level a Bad Thing?)
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल (hCG Levels During Pregnancy) का हाय होने मतलब कई चीजों से हो सकता है और इसके लेवल में बदलाव आ रहा है या नहीं यह चेक करने के लिठ48-72 घंटों के à¤à¥€à¤¤à¤° फिर से जांच की जानी चाहिà¤à¥¤ à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ का हाय लेवल निमà¥à¤¨ बातों का संकेत हो सकता है।
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी डेट का गलत अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ (Miscalculation of pregnancy dating)
मोलर पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी (Molar pregnancy)
मलà¥à¤Ÿà¤¿à¤ªà¤² पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी (Multiple pregnancies)
कà¥à¤¯à¤¾ पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी के दौरान मà¥à¤à¥‡ à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवलà¥à¤¸ की चांज नियमित रूप से करनी चाहिà¤? (Should I Check My hCG level Regularly?)
डॉकà¥à¤Ÿà¤°à¥‹à¤‚ के लिठनियमित रूप से आपके à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल की जांच करना आम बात नहीं है, जब तक कि किसी संà¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ समसà¥à¤¯à¤¾ के लकà¥à¤·à¤£ नहीं दिख रहे हों।
यदि गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला को बà¥à¤²à¥€à¤¡à¤¿à¤‚ग हो रही है, गंà¤à¥€à¤° à¤à¤‚ठन का अनà¥à¤à¤µ हो रहा है, या गरà¥à¤à¤ªà¤¾à¤¤ का इतिहास है, तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवल की दोबारा जांच कर सकते हैं।
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी लॉस के बाद à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ नॉन पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट रेंज में 4-6 वीक के बाद वापस आ जाता है। यह पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी लॉस होने के तरीके जैसे कि सà¥à¤ªà¥‹à¤‚टेनियस मिसकैरिज, डी à¤à¤¨ सी पà¥à¤°à¥‰à¤¸à¥€à¤œà¤°, à¤à¤¬à¥‰à¤°à¥à¤¶à¤¨, नैचà¥à¤°à¤² डिलिवरी और उस समय हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨ का लेवल कितना था पर निरà¥à¤à¤° करता है। कई बार डॉकà¥à¤Ÿà¤° पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी लॉस के बाद à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ के लेवल को चेक करने के लिठटेसà¥à¤Ÿ रिकमंड कर सकते हैं।
उमà¥à¤®à¥€à¤¦ करते हैं कि आपको गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान à¤à¤šà¤¸à¥€à¤œà¥€ लेवलà¥à¤¸ (hCG Levels During Pregnancy) से संबंधित जरूरी जानकारियां मिल गई होंगी। अधिक जानकारी के लिठà¤à¤•à¥à¤¸à¤ªà¤°à¥à¤Ÿ से सलाह जरूर लें। अगर आपके मन में अनà¥à¤¯ कोई सवाल हैं तो आप हमारे फेसबà¥à¤• पेज पर पूछ सकते हैं। हम आपके सà¤à¥€ सवालों के जवाब आपको कमेंट बॉकà¥à¤¸ में देने की पूरी कोशिश करेंगे। अपने करीबियों को इस जानकारी से अवगत कराने के लिठआप ये आरà¥à¤Ÿà¤¿à¤•ल जरूर शेयर करें।
डà¥à¤¯à¥‚ डेट कैलकà¥à¤¯à¥à¤²à¥‡à¤Ÿà¤°
अपनी नियत तारीख का पता लगाने के लिठइस कैलकà¥à¤¯à¥à¤²à¥‡à¤Ÿà¤° का उपयोग करें। यह सिरà¥à¤« à¤à¤• अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ है - इसकी गैरेंटी नहीं है! अधिकांश महिलाà¤à¤‚, लेकिन सà¤à¥€ नहीं, इस तिथि सीमा से पहले या बाद में à¤à¤• सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ के à¤à¥€à¤¤à¤° अपने शिशà¥à¤“ं को डिलीवर करेंगी।
अगला पोसà¥à¤Ÿ
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग: इन सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में तà¥à¤°à¤‚त मेडिकल हेलà¥à¤ª लेना है आवशà¥à¤¯à¤•!
अधिकतर होने वाली मॉमà¥à¤¸, पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी के दौरान हलà¥à¤•े दरà¥à¤¦ का अनà¥à¤à¤µ कर सकती हैं कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि उनके शरीर में लगातार बदलाव होते रहते हैं। गरà¥à¤ में शिशॠको कैरी करना कोई आसान नहीं है। पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) इसका पारà¥à¤Ÿ हो सकता है, लेकिन कई बार यह à¤à¤• गंà¤à¥€à¤° इशू à¤à¥€ बन सकता है। पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग à¤à¤‚जायटी का वजह à¤à¥€ बन सकती है। इसके सामानà¥à¤¯ कारणों में यूटेरिन सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤šà¤¿à¤‚ग (Uterine stretching) शामिल है या à¤à¤®à¥à¤¬à¥‡à¤¡à¤¿à¤‚ग मिसकैरेज à¤à¥€ इसकी à¤à¤• वजह हो सकता है। आइà¤, जानिठपà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) के बारे में विसà¥à¤¤à¤¾à¤° से। इसके साथ ही कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग होने पर कà¥à¤¯à¤¾ करें और कब डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह लें, यह जानकारी होना à¤à¥€ आवशà¥à¤¯à¤• है।
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग कà¥à¤¯à¤¾ है? (Cramping During Pregnancy)
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी के फरà¥à¤¸à¥à¤Ÿ टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° के दौरान कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग शिशॠकी डेवलपमेंट के दौरान होने वाले बदलावों के कारण होती है। कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग को आमतौर पर पेट के à¤à¤• या दोनों साइडà¥à¤¸ में होने वाली पà¥à¤²à¤¿à¤‚ग सेंसेशन के रूप में डिसà¥à¤•à¥à¤°à¤¾à¤‡à¤¬ किया जाता है। इसे अरà¥à¤²à¥€ पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी को डिटेकà¥à¤Ÿ के सिमà¥à¤ªà¤Ÿà¤®à¥à¤¸ की तरह कंसीडर नहीं किया जाता। लेकिन, पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में अधिकतर महिलाà¤à¤‚ इसका अनà¥à¤à¤µ करती हैं। अधिकतर मामलों में पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) को गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ का सामानà¥à¤¯ पारà¥à¤Ÿ नहीं माना जाता है। हालांकि, कà¥à¤› मामलों में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग चिंता का विषय हो सकता है। पहले और सेकंड टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में, महिला का शरीर नà¥à¤¯à¥‚ बेबी की तैयारी में वà¥à¤¯à¤¸à¥à¤¤ रहता है। à¤à¤¸à¥‡ में यूटरस के मसलà¥à¤¸ सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤š और à¤à¤•à¥à¤¸à¤ªà¥ˆà¤‚ड करना शà¥à¤°à¥‚ करता है। इससे पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) हो सकती है। अब जानते हैं इसके कारणों के बारे में।
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग के कारण कà¥à¤¯à¤¾ हैं? (Causes of Cramping During Pregnancy)
जैसा की पहले ही बताया गया है कि पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ में, पेट में निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ में माइलà¥à¤¡ कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग महसूस करना सामानà¥à¤¯ है। इसका कारण यह होता है कि इस दौरान होने वाली मां का शरीर बेबी गà¥à¤°à¥‹ करने के लिठतैयार हो रहा होता है। जैसे-जैसे पेट गà¥à¤°à¥‹ होता है, तो यूटरस à¤à¥€ बड़ा होता होता है। इससे आप कà¥à¤› पà¥à¤²à¥à¤²à¤¿à¤‚ग या सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤šà¤¿à¤‚ग का अनà¥à¤à¤µ कर सकती हैं, जो मेंसà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥à¤…ल कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¥à¤¸ (Menstrual cramps) की तरह होती हैं। पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी के अंतिम चरण में लोअर à¤à¤¬à¥à¤¡à¥‹à¤®à¤¿à¤¨à¤² डिसà¥à¤•ंफरà¥à¤Ÿ का अनà¥à¤à¤µ à¤à¥€ किया जा सकता है, जिसका कारण है यूटरस का टाइट होना। पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¥à¤¸ के अनà¥à¤¯ कारण यह à¤à¥€ हो सकते हैं:
आइठअब जानते हैं, पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी के तीनों टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤°à¥à¤¸ में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग के बारे में? सबसे पहले जान लेते हैं फरà¥à¤¸à¥à¤Ÿ टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग के बारे में।
फरà¥à¤¸à¥à¤Ÿ टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° और कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (First trimester and cramping)
मेडलाइनपà¥à¤²à¤¸ (MedlinePlus) के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° जैसे ही गरà¥à¤ में शिशॠका विकास होता है, वैसे ही उनके शरीर में बदलाव होता है। à¤à¤¸à¥‡ में, यह जानना मà¥à¤¶à¥à¤•िल हो सकता है कि यह समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚ सामानà¥à¤¯ हैं या किसी परेशानी का संकेत है। à¤à¤¸à¥‡ में, आपको तà¥à¤°à¤‚त डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह लेनी चाहिà¤à¥¤ कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि, पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) होना सामानà¥à¤¯ à¤à¥€ हो सकता है या यह किसी समसà¥à¤¯à¤¾ का पà¥à¤°à¤¤à¥€à¤• à¤à¥€ हो सकता है। आइठजानें फरà¥à¤¸à¥à¤Ÿ टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग के कारण कà¥à¤¯à¤¾ हो सकते हैं?
इमà¥à¤ªà¥à¤²à¤¾à¤‚टेशन कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Implantation Cramping)
कà¥à¤› महिलाओं के लिठकà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग, पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी का पहला संकेत हो सकता है। यह à¤à¤— के फरà¥à¤Ÿà¤¿à¤²à¤¾à¤‡à¤œ होने के कारण होता है। इसे इमà¥à¤ªà¥à¤²à¤¾à¤‚टेशन कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Implantation cramping) कहा जाता है।
यूटरिन गà¥à¤°à¥‹à¤¥ (Uterine Growth)
पहले दो टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में लगातार यूटरिन गà¥à¤°à¥‹à¤¥ होती है, जिससे पेट में पà¥à¤²à¥à¤²à¤¿à¤‚ग सेंसेशन हो सकती है। यह सेंसेशन कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग का कारण बनती है।
गैसà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤‡à¤‚टेसà¥à¤Ÿà¤¾à¤‡à¤¨à¤² इशूज (Gastrointestinal Issues)
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) हारà¥à¤®à¥‹à¤¨à¤² लेवल में बदलाव के कारण à¤à¥€ हो सकती है। फरà¥à¤¸à¥à¤Ÿ टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में हारà¥à¤®à¥‹à¤¨à¤² लेवल में बदलाव गैस, बà¥à¤²à¥‹à¤Ÿà¤¿à¤‚ग और कबà¥à¤œ की वजह बन सकता है। यह सà¤à¥€ गैसà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤‡à¤‚टेसà¥à¤Ÿà¤¾à¤‡à¤¨à¤² इशूज कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग सेंसेशंस का कारण बन सकते हैं।
à¤à¤•à¥à¤Ÿà¥‰à¤ªà¤¿à¤• पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी (Ectopic Pregnancy)
दà¥à¤°à¥à¤²à¤ मामलों में फरà¥à¤¸à¥à¤Ÿ टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग, à¤à¤•à¥à¤Ÿà¥‰à¤ªà¤¿à¤• पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी के कारण à¤à¥€ हो सकती है। à¤à¤•à¥à¤Ÿà¥‰à¤ªà¤¿à¤• पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी आमतौर पर वन-साइडेड कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग, बà¥à¤²à¥€à¤¡à¤¿à¤‚ग, चकà¥à¤•र आना या कंधे में दरà¥à¤¦ आदि का कारण बनती हैं। इस सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में तà¥à¤°à¤‚त डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह लेनी चाहिà¤à¥¤
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग: गरà¥à¤à¤ªà¤¾à¤¤ (Miscarriage)
गरà¥à¤à¤ªà¤¾à¤¤ आमतौर पर à¤à¤— के असामानà¥à¤¯ विकास के कारण होता है। इसके कारण à¤à¥€ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग हो सकती है। अब जानते हैं सेकंड टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग के बार में।
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy)
सेकंड टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° और कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Second trimester and cramping)
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚ट वीमेन सेकंड टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में अनà¥à¤¯ टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤°à¥à¤¸ के मà¥à¤•ाबले कम कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग का सामना करती हैं। अगर गरà¥à¤ में à¤à¤• से अधिक शिशॠहों, तो उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ समसà¥à¤¯à¤¾ हो सकती है कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि यूटरस बहà¥à¤¤ अधिक बॠजाता है। सेकंड टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में इसके कारण इस पà¥à¤°à¤•ार हैं:
राउंड लिगमेंट पैन (Round Ligament Pain)
यह बिनाइन पैन तेरहवें हफà¥à¤¤à¥‡ के आसपास होती है, जब वो लिगामेंटà¥à¤¸ जो यूटरस को सपोरà¥à¤Ÿ करते हैं, सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤š हो जाते हैं। कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि, यूटरस ऊपर की ओर गà¥à¤°à¥‹ होता है। राउंड लिगमेंट पैन आमतौर पर कà¥à¤µà¤¿à¤•, शारà¥à¤ª और वन-साइडेड होती है।
यूरिनरी टà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥à¤Ÿ इंफेकà¥à¤¶à¤‚स (Urinary Tract Infections)
माइलà¥à¤¡ यूरिनरी टà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥à¤Ÿ इंफेकà¥à¤¶à¤‚स पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी के सेकंड टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° के दौरान कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¥à¤¸ का कारण बन सकता है। इसके अनà¥à¤¯ लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ में दरà¥à¤¦à¤à¤°à¥€ यूरिनेशन à¤à¥€ शामिल है। अगर आपको यह समसà¥à¤¯à¤¾ है, तो मेडिकल हेलà¥à¤ª लें।
यूटरिन फाइबà¥à¤°à¥‰à¤‡à¤¡à¥à¤¸ (Uterine Fibroids)
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) का à¤à¤• कारण यूटरिन फाइबà¥à¤°à¥‰à¤‡à¤¡à¥à¤¸ à¤à¥€ हो सकता है। इसमें टिशà¥à¤¯à¥‚ज की हारà¥à¤®à¤²à¥‡à¤¸ ओवरगà¥à¤°à¥‹à¤¥ सेकंड टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में बà¥à¤°à¥‡à¤•-डाउन हो जाती हैं। कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि, उनके विकास को बनाठरखने के लिठपरà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ रकà¥à¤¤ मौजूद नहीं होता है। यह दरà¥à¤¦ गंà¤à¥€à¤° नहीं होता है। लेकिन, अगर किसी महिला की इस रोग की हिसà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€ है, तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह लेना जरूरी है। अब जानते हैं थरà¥à¤¡ टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग के बारे में।
थरà¥à¤¡ टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° और कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Third Trimester and cramping)
थरà¥à¤¡ टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग होना बेहद सामानà¥à¤¯ है। यह आमतौर पर बà¥à¤°à¥‡à¤•à¥à¤¸à¤Ÿà¤¨ हिकà¥à¤¸ कॉनà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥à¤¶à¤‚स (Braxton Hicks contractions) के रूप में होता है। इनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ फॉलà¥à¤¸ कॉनà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥à¤¶à¤‚स (False Contractions) के रूप में à¤à¥€ जाना जाता है। यह कॉनà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥à¤¶à¤‚स लेबर का कारण नहीं बनती हैं। बलà¥à¤•ि, पà¥à¤°à¤¸à¤µ के लिठहोने वाली मां के शरीर को तैयार करती हैं। लेकिन, यह फॉलà¥à¤¸ कॉनà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥à¤¶à¤‚स (False Contractions) तीस सेकंडà¥à¤¸ से लेकर दो मिनटà¥à¤¸ तक रहती हैं। कà¥à¤› मातà¥à¤°à¤¾ में तरल पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ का सेवन करने और आराम करने से इस समसà¥à¤¯à¤¾ से राहत पाई जा सकती है। बेशक, अगर तीसरी तिमाही में à¤à¤‚ठन जलà¥à¤¦à¥€ कम नहीं होती है, तो आप पà¥à¤°à¥€à¤Ÿà¤°à¤® लेबर का अनà¥à¤à¤µ कर सकती हैं। à¤à¤¸à¥‡ में तà¥à¤°à¤‚त डॉकà¥à¤Ÿà¤° से मिलें, और उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ अपनी इन समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं के बारे में बताà¤à¤‚।
थरà¥à¤¡ टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° के दौरान कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग में पà¥à¤²à¤¾à¤¸à¥‡à¤‚टल à¤à¤¬à¥à¤°à¤ªà¥à¤¶à¤¨ (Placental abruption) और पà¥à¤°à¥€à¤•à¥à¤²à¥‡à¤®à¥à¤ªà¤¸à¤¿à¤¯à¤¾ (Preeclampsia) à¤à¥€ शामिल हैं। अगर पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) हो और इसके साथ में आपको बà¥à¤²à¥€à¤¡à¤¿à¤‚ग, गंà¤à¥€à¤° सिरदरà¥à¤¦, सांस लेने में समसà¥à¤¯à¤¾, सूजन या विजन में बदलाव आदि परेशानियां हों, तो तà¥à¤°à¤‚त मेडिकल हेलà¥à¤ª लें। अब जानते हैं कि पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) से राहत कैसे पाई जा सकती है?
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग से राहत कैसे पाà¤à¤‚? (Prevention for Cramping during pregnancy )
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) से राहत पाना, आप किस तरह की दरà¥à¤¦ का अनà¥à¤à¤µ कर रहे हैं, इस पर निरà¥à¤à¤° करता है। कà¥à¤› आसान टिपà¥à¤¸ से आप पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में इस समसà¥à¤¯à¤¾ से राहत पा सकते हैं। यह आसान तरीके इस पà¥à¤°à¤•ार हैं:
अगर आपको पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) की समसà¥à¤¯à¤¾ होती है, तो थोड़ी देर तक लेट जाà¤à¤‚ और आराम करें। इससे आपको इमà¥à¤ªà¥à¤²à¤¾à¤‚टेशन, गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ तक बà¥à¤²à¤¡ फà¥à¤²à¥‹ के बà¥à¤¨à¥‡ और राउंड लिगमेंट पैन से छà¥à¤Ÿà¤•ारा मिल सकता है।
अधिक से अधिक पानी पीà¤à¤‚। जिससे डिहायडà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¨ के कारण होने वाली कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग, बà¥à¤²à¥‹à¤Ÿà¤¿à¤‚ग और कबà¥à¤œ की समसà¥à¤¯à¤¾ से राहत पाई जा सकती है।
गरà¥à¤® पानी में बाथ लें। इससे à¤à¥€ आपको यूटà¥à¤°à¥€à¤¨ बà¥à¤²à¤¡ फà¥à¤²à¥‹ में बà¥à¥‹à¤¤à¤°à¥€ से जà¥à¥œà¥€ पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¥à¤¸ से राहत पाने में मदद मिल सकती है।
बैली बैंड पहनें। इसे पहनने से पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी की सेकंड टà¥à¤°à¤¾à¤¯à¤®à¥‡à¤¸à¥à¤Ÿà¤° में होने वाली राउंड लिगमेंट पैन (Round ligament pain) से आराम मिल सकता है।
अगर आपको लगता है कि यह समसà¥à¤¯à¤¾ बà¥à¤°à¥‡à¤•à¥à¤¸à¤Ÿà¤¨ हिकà¥à¤¸ कॉनà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥à¤¶à¤‚स (Braxton Hicks contractions) के कारण हो रही है, तो आपको अपनी पोजीशन को बदल देना चाहिà¤à¥¤ अब जानिठकि कब कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग होने पर तà¥à¤°à¤‚त डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह लेनी जरूरी है।
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग होने पर कब डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह लें?
पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग(Cramping During Pregnancy), चिंता का कारण à¤à¥€ हो सकता है। अगर आपको इस दौरान कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग हो रही हो, तो तà¥à¤°à¤‚त डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह लेनी जरूरी है। कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि, कई मामलों में यह गंà¤à¥€à¤° à¤à¥€ हो सकती है। इन सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में तो तà¥à¤°à¤‚त मेडिकल हेलà¥à¤ª लेने की सलाह दी जाती है:
पेट के निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ में गंà¤à¥€à¤° दरà¥à¤¦ होना।
पà¥à¤¯à¤¾à¤¸ का à¤à¤•दम से बà¥à¤¨à¤¾à¥¤ इसके साथ ही यूरिनेशन का कम होना या न होना जैसी समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚ à¤à¥€ हो सकती हैं।
गंà¤à¥€à¤° सिरदरà¥à¤¦ जो ठीक न हो रही हो। विजन में बदलाव, अचानक सूजन होना या वजन का अधिक होना की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में à¤à¥€ तà¥à¤°à¤‚त मेडिकल हेलà¥à¤ª लें।
बà¥à¤–ार और ठंड लगना।
हैवी बà¥à¤²à¥€à¤¡à¤¿à¤‚ग (Heavy bleeding) या पेट के निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¥à¤¸ और गंà¤à¥€à¤° दरà¥à¤¦ होना।
मल में खून आना
यूरिनेशन के दौरान दरà¥à¤¦ और बरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग सेंसेशन (Burning sensation) होना या यूरिन के दौरान बà¥à¤²à¤¡ आना।
à¤à¤• घंटे में चार या अधिक कॉनà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥à¤¶à¤‚स महसूस होना, कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि यह लेबर का लकà¥à¤·à¤£ हो सकते हैं।
चकà¥à¤•र आना या बेहोशी महसूस होना।
यह तो थी पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) के बारे में जानकारी। आमतौर पर पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी के शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ में इसका अनà¥à¤à¤µ करना सामानà¥à¤¯ है। लेकिन, फिर à¤à¥€ इसके बारे में डॉकà¥à¤Ÿà¤° से जान लें। खासतौर पर अगर आप पहली बार मां बन रही है या मौजूदा पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी आपकी पिछली पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी से अलग हो। आपको इन कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¥à¤¸ के बारे में पूरी जानकारी होनी चाहिà¤à¥¤ ताकि, आप जब à¤à¥€ इसका अनà¥à¤à¤µ करें, तà¥à¤°à¤‚त डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह ले सकें। इसके साथ ही इसके गंà¤à¥€à¤° लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ के बारे में à¤à¥€ जान लें।
अगर आपके मन में पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी में कà¥à¤°à¥ˆà¤®à¥à¤ªà¤¿à¤‚ग (Cramping During Pregnancy) को लेकर कोई à¤à¥€ सवाल हो, तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° से इसे पूछना न à¤à¥‚लें। आप हमारे फेसबà¥à¤• पेज पर à¤à¥€ अपने सवालों को पूछ सकते हैं। हम आपके सà¤à¥€ सवालों के जवाब आपको कमेंट बॉकà¥à¤¸ में देने की पूरी कोशिश करेंगे। अपने करीबियों को इस जानकारी से अवगत कराने के लिठआप ये आरà¥à¤Ÿà¤¿à¤•ल जरूर शेयर करें।
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